सीजी भास्कर, 10 जून : खरीफ सीजन 2026 में किसानों (Krishak Unnati Yojana 2026 ) की आय बढ़ाने और धान पर निर्भरता कम करने के उद्देश्य से राजनांदगांव जिला प्रशासन ने फसल विविधीकरण को लेकर व्यापक अभियान शुरू करने की तैयारी कर ली है। कलेक्टर जितेंद्र यादव ने साप्ताहिक समय-सीमा बैठक में कृषि विभाग सहित विभिन्न विभागों की योजनाओं की समीक्षा करते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि किसानों को धान के स्थान पर दलहन, तिलहन और अन्य लाभकारी फसलों की खेती के लिए प्रेरित किया जाए।
राज्य सरकार की Krishak Unnati Yojana के तहत अब धान की जगह वैकल्पिक फसलें उगाने वाले किसानों को 15 हजार रुपए प्रति एकड़ की आदान सहायता राशि प्रदान की जाएगी। प्रशासन का मानना है कि इससे किसानों की आय बढ़ेगी, जल संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा और कृषि क्षेत्र अधिक टिकाऊ बनेगा।
धान के विकल्प पर मिलेगा आर्थिक लाभ
कलेक्टर ने बताया कि योजना के तहत दलहन, तिलहन, मक्का, कोदो, कुटकी, रागी सहित अन्य वैकल्पिक फसलों की खेती करने वाले किसानों को प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। कृषि विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि अधिक से अधिक किसानों को योजना से जोड़ने के लिए विशेष जागरूकता अभियान चलाया जाए।
इसके अलावा पीएम आशा योजना के माध्यम से भी किसानों को समर्थन मूल्य और विपणन सुविधाओं का लाभ दिलाने की दिशा में काम किया जाएगा, ताकि किसान नई फसलों को अपनाने के लिए प्रेरित हों।
गांव-गांव में लगेंगी कृषि चौपाल
फसल विविधीकरण को जनआंदोलन का स्वरूप देने के लिए जिले के सभी ग्राम पंचायतों में कृषि चौपाल आयोजित की जाएंगी। इन चौपालों में किसानों को आधुनिक खेती, उन्नत बीज, जल संरक्षण तकनीक, सरकारी योजनाओं और वैकल्पिक फसलों के आर्थिक लाभों की जानकारी दी जाएगी।
कृषि विशेषज्ञ किसानों को यह भी बताएंगे कि कम पानी में अधिक उत्पादन देने वाली फसलें किस प्रकार खेती को लाभकारी बना सकती हैं। प्रशासन का उद्देश्य किसानों को केवल सहायता राशि तक सीमित न रखकर उन्हें दीर्घकालिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है।
स्वास्थ्य और पोषण योजनाओं की भी समीक्षा
बैठक में कृषि के अलावा स्वास्थ्य, महिला एवं बाल विकास और ग्रामीण विकास से जुड़ी योजनाओं की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने जिला अस्पताल में चल रहे मरम्मत एवं अधोसंरचना विकास कार्यों को प्राथमिकता से पूरा करने के निर्देश दिए।
महतारी वंदन योजना और प्रधानमंत्री मातृत्व वंदन योजना के अंतर्गत पात्र हितग्राहियों का शत-प्रतिशत पंजीयन सुनिश्चित करने को कहा गया। वहीं कुपोषण नियंत्रण, आंगनबाड़ी केंद्रों की मरम्मत और आश्रम-छात्रावासों के नियमित निरीक्षण पर विशेष जोर दिया गया।
जल जीवन मिशन और सोलर योजना पर भी फोकस
बैठक के दौरान जल जीवन मिशन के कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए भुगतान और निर्माण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। वहीं PM Surya Ghar Muft Bijli Yojana के प्रचार-प्रसार को भी प्राथमिकता देने को कहा गया ताकि अधिक से अधिक परिवार इसका लाभ उठा सकें।
कलेक्टर ने दिव्यांगजनों के लिए आयोजित विशेष शिविर के सफल संचालन पर समाज कल्याण विभाग की टीम की सराहना करते हुए कहा कि जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।



