सीजी भास्कर, 13 जून। मनरेगा के काम के लिए घर से निकली एक आदिवासी महिला को रास्ते में मिली लिफ्ट भारी पड़ गई। महिला को लगा कि बाइक सवार उसकी मदद कर रहे हैं, लेकिन कुछ ही देर बाद सुनसान जगह पर बाइक रुक गई और उसके साथ छेड़छाड़ की कोशिश की गई। महिला ने हिम्मत दिखाते हुए जोर-जोर से चिल्लाना शुरू कर दिया। शोर सुनकर दोनों युवक घबरा गए और अपनी मोटरसाइकिल छोड़कर जंगल की तरफ भाग निकले। अब पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। (MGNREGA Worker Harassment Case in Khairagarh)
मामला साल्हेवारा थाना क्षेत्र का है। पुलिस के मुताबिक 25 वर्षीय महिला 8 जून को चूल्हा खोदरा जंगल तालाब इलाके में मनरेगा कार्य के लिए फोटो खिंचवाने जा रही थी। वह पैदल जा रही थी, तभी रास्ते में देवपुराघाट के रहने वाले सिरताज खान और उसका एक साथी मोटरसाइकिल से पहुंचे। उन्होंने महिला से पूछा कि वह कहां जा रही है। महिला ने बताया कि वह मनरेगा के काम के लिए जा रही है। इस पर दोनों ने कहा कि वे भी उसी तरफ जा रहे हैं और उसे छोड़ देंगे।
महिला उनके भरोसे में आ गई और बाइक पर बैठ गई। पुलिस के अनुसार कुछ दूर जाने के बाद दोपहर करीब सवा तीन बजे बांधाटोला में एक खेत के पास बाइक रोक दी गई। आरोप है कि वहां दोनों युवकों ने महिला का हाथ और बांह पकड़कर उसके साथ छेड़छाड़ शुरू कर दी।
हालांकि, महिला ने हिम्मत नहीं हारी और जोर-जोर से चिल्लाने लगी। महिला का विरोध देखकर दोनों आरोपी घबरा गए और मोटरसाइकिल वहीं छोड़कर जंगल की ओर भाग निकले। यही मोटरसाइकिल बाद में पुलिस के लिए आरोपियों तक पहुंचने का सबसे बड़ा सुराग साबित हुई।
घटना के दो दिन बाद महिला ने साल्हेवारा थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। (MGNREGA Worker Harassment Case in Khairagarh) इसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने देवपुराघाट निवासी सिरताज खान (29) और रितेश मारकंडे (18) को पकड़ लिया।
पुलिस का कहना है कि पूछताछ में दोनों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। घटना में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल भी जब्त कर ली गई है। पहचान परेड की कार्रवाई पूरी होने के बाद दोनों आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
इस पूरे मामले (MGNREGA Worker Harassment Case) में सबसे अहम बात यह रही कि महिला ने डरने के बजाय तुरंत विरोध किया। उसकी सूझबूझ और हिम्मत की वजह से आरोपी मौके से भागने पर मजबूर हुए और आखिरकार पुलिस की गिरफ्त में पहुंच गए।




