सीजी भास्कर, 17 जून : छत्तीसगढ़ में नक्सल विरोधी अभियानों के मजबूत नेतृत्व और प्रभावी रणनीति के लिए पहचान रखने वाले वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी सुंदरराज पी को केंद्र सरकार ने बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने उनकी नियुक्ति राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) में इंस्पेक्टर जनरल (IG) के पद पर करने के आदेश जारी कर दिए हैं। सुरक्षा तंत्र में उनकी नई भूमिका को राष्ट्रीय सुरक्षा और आतंकवाद विरोधी अभियानों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। नक्सल विरोधी अभियान (NIA Appointment) में उनके लंबे अनुभव को देखते हुए यह नियुक्ति काफी अहम मानी जा रही है।
गृह मंत्रालय ने जारी किया आदेश
केंद्रीय गृह मंत्रालय द्वारा जारी आदेश के अनुसार वर्ष 2003 बैच के आईपीएस अधिकारी सुंदरराज पी की नियुक्ति प्रतिनियुक्ति (Deputation) के आधार पर राष्ट्रीय जांच एजेंसी में की गई है। मंत्रालय ने छत्तीसगढ़ शासन को पत्र भेजकर उन्हें तत्काल प्रभाव से कार्यमुक्त करने का अनुरोध किया है, ताकि वे जल्द से जल्द अपनी नई जिम्मेदारी संभाल सकें। सुरक्षा मामलों के जानकार इस फैसले को केंद्र सरकार का एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक कदम मान रहे हैं।
नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में रहा प्रभावी नेतृत्व
सुंदरराज पी ने अपने सेवा काल के दौरान छत्तीसगढ़ के माओवादी प्रभावित क्षेत्रों में लंबा समय बिताया है। विशेष रूप से बस्तर संभाग में उनकी भूमिका बेहद महत्वपूर्ण रही है। उनके नेतृत्व में कई बड़े सुरक्षा अभियान संचालित किए गए, जिनमें सुरक्षा बलों को उल्लेखनीय सफलता मिली। नक्सली गतिविधियों पर नियंत्रण स्थापित करने और सुरक्षा रणनीति को मजबूत बनाने में उनका योगदान लगातार चर्चा में रहा है। नक्सल विरोधी अभियान (NIA Appointment) के दौरान उनके अनुभव ने उन्हें देश के प्रमुख सुरक्षा अधिकारियों की श्रेणी में स्थापित किया है।
आंतरिक सुरक्षा और खुफिया समन्वय का व्यापक अनुभव
सुंदरराज पी को आंतरिक सुरक्षा, खुफिया समन्वय, आतंकवाद विरोधी रणनीति और विशेष सुरक्षा अभियानों का व्यापक अनुभव प्राप्त है। जमीनी स्तर पर अभियानों के संचालन और सुरक्षा एजेंसियों के बीच समन्वय स्थापित करने में उनकी दक्षता को कई बार सराहा गया है। कठिन परिस्थितियों में निर्णय लेने की क्षमता और प्रभावी नेतृत्व उनकी प्रमुख पहचान रही है।
सबसे प्रभावशाली अधिकारियों में होती है गिनती
वर्ष 2003 बैच के आईपीएस अधिकारी सुंदरराज पी लंबे समय तक बस्तर रेंज के आईजी रहे हैं। उनके कार्यकाल के दौरान कई महत्वपूर्ण अभियान सफलतापूर्वक संचालित किए गए। छत्तीसगढ़ में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने और नक्सल नेटवर्क को कमजोर करने में उनकी भूमिका को व्यापक सराहना मिली। यही कारण है कि केंद्र सरकार ने उन्हें राष्ट्रीय स्तर की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी के लिए चुना है।
NIA में निभाएंगे अहम भूमिका
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) देश में आतंकवाद, संगठित अपराध, अंतरराज्यीय आपराधिक नेटवर्क और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े संवेदनशील मामलों की जांच करने वाली प्रमुख एजेंसी है। ऐसे में सुंदरराज पी की नियुक्ति को राष्ट्रीय सुरक्षा तंत्र को और अधिक मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि उनके अनुभव और नेतृत्व क्षमता का लाभ अब राष्ट्रीय स्तर पर जांच और सुरक्षा अभियानों में मिलेगा।





