सीजी भास्कर, 2 मई । बरगी डैम में हुए हादसे के बाद पर्यटन स्थलों की सुरक्षा व्यवस्थाओं को लेकर गंभीर चिंताएं सामने आ रही हैं। इसी कड़ी में कोरबा जिले के सतरेंगा पर्यटन स्थल की स्थिति भी चिंताजनक पाई गई, जहां बुनियादी सुरक्षा संसाधनों की कमी के बीच सैलानियों की आवाजाही जारी है। (Question on the security of Satrenga tourist spot)
बदहाल संसाधन और अधूरी व्यवस्थाएं : Question on the security of Satrenga tourist spot
सतरेंगा पर्यटन स्थल पर वर्षों पहले शुरू की गई सुविधाएं अब जर्जर हालत में पहुंच चुकी हैं। यहां संचालित 8 स्पीड बोट में से केवल एक ही किसी तरह चालू स्थिति में है, जबकि बाकी बोट मरम्मत के अभाव में बंद पड़ी हैं। फ्लोटिंग रेस्टोरेंट सहित अन्य व्यवस्थाएं भी प्रभावी रूप से संचालित नहीं हो पा रही हैं, जिससे पर्यटन सुविधाओं की स्थिति कमजोर हो गई है।
बिना सुरक्षा के हो रहा नौकायन
सबसे गंभीर पहलू यह है कि सरकारी व्यवस्थाएं ठप होने के बावजूद स्थानीय स्तर पर निजी नावों से सैलानियों को घुमाया जा रहा है। इन नावों में न तो लाइफ जैकेट की अनिवार्यता है और न ही प्रशिक्षित सुरक्षा कर्मियों की मौजूदगी। ऐसे में हर दिन सैकड़ों सैलानी बिना किसी सुरक्षा मानक के जल क्षेत्र में जा रहे हैं, जिससे किसी भी बड़े हादसे की आशंका बनी हुई है।
प्रशासन से सख्त कदम उठाने की मांग
सैलानियों और स्थानीय लोगों ने प्रशासन से तत्काल सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग की है। बंद पड़ी बोट को चालू करने, लाइफगार्ड की नियुक्ति और जरूरी सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है। बरगी हादसे के बाद यह स्पष्ट हो गया है कि लापरवाही जारी रही तो सतरेंगा जैसे पर्यटन स्थल पर भी गंभीर दुर्घटना हो सकती है। (Question on the security of Satrenga tourist spot)


