सीजी भास्कर, 25 अप्रैल। दुर्ग पुलिस की प्रभावी विवेचना और मजबूत अभियोजन के चलते दो अलग-अलग गंभीर मामलों में न्यायालय ने आरोपियों को कड़ी सजा सुनाई है। (SSP honored the investigation team)
एक मामले में आरोपी को 20 वर्ष के सश्रम कारावास, जबकि दूसरे मामले में 5 वर्ष के सश्रम कारावास से दंडित किया गया है।

बीएनएस एवं पॉक्सो एक्ट में दर्ज प्रकरण की त्वरित एवं सुदृढ़ विवेचना
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार थाना नेवई के अपराध क्रमांक 49/2025 में धारा 64, 65(2) बीएनएस एवं पॉक्सो एक्ट की धाराओं के तहत दर्ज प्रकरण में त्वरित एवं सुदृढ़ विवेचना करते हुए सभी आवश्यक साक्ष्य न्यायालय में प्रस्तुत किए गए। इस मामले में आरोपी जगन्नाथ यादव को माननीय न्यायालय ने 20 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई।

बीएनएस के मामले में प्रभावी विवेचना एवं अभियोजन की सशक्त पैरवी
इसी प्रकार थाना मोहन नगर के अपराध क्रमांक 137/2025 में धारा 74, 75(1) बीएनएस के तहत दर्ज मामले में प्रभावी विवेचना एवं अभियोजन की सशक्त पैरवी के आधार पर आरोपी तामेश्वर यादव को 5 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई गई।

प्रशस्ति पत्र से अधिकारी सम्मानित : SSP honored the investigation team
दोनों मामलों में उत्कृष्ट अनुसंधान, साक्ष्य संकलन और न्यायालय में प्रभावी प्रस्तुतीकरण के चलते दोषसिद्धि सुनिश्चित हुई। इस उपलब्धि पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल ने विवेचना अधिकारियों और अभियोजन पक्ष को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया।

इन प्रकरणों में विशेष लोक अभियोजक रूपवती तिल्लीवार, उप निरीक्षक कमल सिंह सागर, सहायक उप निरीक्षक हेमलता वर्मा और महिला प्रधान आरक्षक मीना ठाकुर की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील
दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि महिला एवं बाल सुरक्षा से जुड़े किसी भी अपराध की सूचना तत्काल पुलिस को दें, ताकि दोषियों के खिलाफ सख्त और त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके। (SSP honored the investigation team)

