सीजी भास्कर, 17 मई। कांगो और युगांडा में इबोला वायरस का संक्रमण तेजी से फैल रहा है। बढ़ते मामलों को देखते हुए विश्व स्वास्थ्य संगठन ने हेल्थ इमरजेंसी घोषित कर दी है। अब तक 87 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि सैकड़ों संदिग्ध मरीजों की पहचान की गई है। प्रभावित इलाकों में स्वास्थ्य एजेंसियां स्क्रीनिंग और कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग अभियान तेज कर रही हैं। (Ebola crisis deepens)
कांगो के कई इलाकों में फैला संक्रमण : Ebola crisis deepens
डब्ल्यूएचओ के मुताबिक कांगो के इतुरी प्रांत में इबोला संक्रमण से 80 संदिग्ध मौतें दर्ज की गई हैं। इनमें बुनिया, रवाम्पारा और मोंगबवालू स्वास्थ्य क्षेत्र सबसे ज्यादा प्रभावित बताए जा रहे हैं। लैब जांच में आठ मौतों की पुष्टि भी हो चुकी है। वहीं कुल 246 संदिग्ध मामलों की पहचान की गई है।
अफ्रीका सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन के अनुसार पूर्वी कांगो में अब तक 336 संदिग्ध केस सामने आए हैं। इनमें 13 मामलों की पुष्टि हुई है और चार संक्रमित मरीजों की मौत हो चुकी है। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि संक्रमण तेजी से नए इलाकों तक पहुंच रहा है।
युगांडा और राजधानी किनशासा तक पहुंचा वायरस
युगांडा की राजधानी कंपाला में भी इबोला के दो नए मामलों की पुष्टि हुई है। इनमें एक मरीज की मौत हो गई। स्वास्थ्य अधिकारियों के मुताबिक संक्रमित लोग कांगो से यात्रा कर युगांडा पहुंचे थे। बाद में मृतक का शव वापस कांगो भेजा गया।
वहीं कांगो की राजधानी किनशासा में भी एक संक्रमित मरीज मिला है, जो हाल ही में इतुरी से लौटा था। विशेषज्ञों का कहना है कि सीमावर्ती इलाकों में लोगों की आवाजाही के कारण संक्रमण के और फैलने का खतरा बढ़ गया है। दक्षिण सूडान और युगांडा जैसे पड़ोसी देशों में भी अलर्ट जारी किया गया है।
स्क्रीनिंग और निगरानी अभियान तेज : Ebola crisis deepens
स्वास्थ्य एजेंसियों ने प्रभावित क्षेत्रों में स्क्रीनिंग, निगरानी और कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग अभियान को तेज कर दिया है। अफ्रीका CDC के डायरेक्टर जनरल डॉ. जीन कासेया ने बताया कि शुरुआती मामले मोंगवालू के खनन क्षेत्र में सामने आए थे, जहां लोगों की आवाजाही काफी ज्यादा रहती है।
उन्होंने कहा कि मरीज इलाज के लिए अलग-अलग इलाकों में गए, जिससे संक्रमण रवाम्पारा और बुनिया तक फैल गया। WHO ने फिलहाल इसे वैश्विक महामारी आपातकाल की श्रेणी में नहीं रखा है, लेकिन हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है।



