सीजी भास्कर, 27 जून : भिलाई इस्पात संयंत्र (BSP) की CISF यूनिट में पदस्थ दो वरिष्ठ अधिकारियों का तबादला (CISF BSF Transfer) किया गया है। हाल के दिनों में स्क्रैप की आड़ में लोहा चोरी की आशंका से इन तबादलों को जोड़कर देखा जा रहा था, लेकिन सूत्रों ने इन अटकलों को खारिज करते हुए स्पष्ट किया है कि (CISF BSP Transfer) पूरी तरह अधिकारियों के पारिवारिक कारणों और उनके स्वयं के अनुरोध के आधार पर किया गया है।
पारिवारिक परिस्थितियों के चलते दिल्ली भेजे गए DIG
जानकारी के अनुसार, CISF यूनिट BSP में उपमहानिरीक्षक (IPS) नागेंद्र नाथ त्रिपाठी अप्रैल 2025 से भिलाई में पदस्थ थे। उनकी पत्नी भारतीय वन सेवा (IFS) की अधिकारी हैं और वर्तमान में दिल्ली के निकट पदस्थ हैं। इसके अलावा उनका एक छोटा बच्चा भी है।
इन पारिवारिक परिस्थितियों को देखते हुए नागेंद्र नाथ त्रिपाठी ने मार्च 2026 में CISF मुख्यालय से अनुरोध किया था कि उनका स्थानांतरण दिल्ली अथवा उसके आसपास की किसी CISF इकाई में किया जाए। मुख्यालय ने उनके आवेदन पर सहमति जताते हुए उनका तबादला दिल्ली कर दिया।
उप कमांडेंट निधि सिंह ने भी किया था अनुरोध
इसी तरह CISF यूनिट BSP में पदस्थ उप कमांडेंट निधि सिंह ने भी अपने स्थानांतरण के लिए महानिदेशक, बल मुख्यालय को आवेदन दिया था। बताया गया है कि उनके पति भारतीय राजस्व सेवा (IRS) के अधिकारी हैं, जो पहले भिलाई में GST विभाग में पदस्थ थे। मई 2026 में उनका तबादला कोलकाता हो गया। परिवार की परिस्थितियों और छोटे बच्चे को ध्यान में रखते हुए निधि सिंह ने भी कोलकाता अथवा उसके आसपास स्थित किसी CISF यूनिट में पदस्थापना का अनुरोध किया था।
स्क्रैप चोरी से जोड़ने की अटकलों पर विराम
हाल के दिनों में भिलाई इस्पात संयंत्र में स्क्रैप की आड़ में कथित लोहा चोरी के मामलों को लेकर इन तबादलों को विभिन्न चर्चाओं से जोड़ा जा रहा था। हालांकि सूत्रों ने स्पष्ट किया है कि दोनों अधिकारियों के तबादले का कारण केवल पारिवारिक परिस्थितियां हैं और यह उनके पूर्व में दिए गए आवेदन के आधार पर नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत किया गया है।



