नई दिल्ली। संसद का मानसून सत्र 2025 इस बार 21 जुलाई से शुरू होकर 21 अगस्त तक चलेगा। 13 और 14 अगस्त को कोई बैठक नहीं होगी, क्योंकि स्वतंत्रता दिवस समारोह की तैयारियों में पूरा सरकारी अमला व्यस्त रहेगा। संसद सत्र को लेकर संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर आधिकारिक जानकारी साझा की।
मानसून सत्र की तारीखें तय, राष्ट्रपति ने दी मंजूरी
संसदीय कार्य मंत्रालय की अधिसूचना के मुताबिक, भारत के राष्ट्रपति ने 21 जुलाई से 21 अगस्त 2025 तक मानसून सत्र बुलाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इस बार संसद में कई अहम बिल पेश किए जा सकते हैं और सरकार की नीतियों पर विपक्ष तीखा हमला बोल सकता है।
“ऑपरेशन सिंदूर” बना चर्चा का केंद्र
इस बार संसद के भीतर “ऑपरेशन सिंदूर” को लेकर जबरदस्त हंगामा होने की संभावना जताई जा रही है। माना जा रहा है कि विपक्ष इस मुद्दे पर सरकार से जवाब मांगेगा और कई सत्रों में तीखी बहस देखी जा सकती है।
महंगाई, बेरोजगारी, और आर्थिक नीतियों पर भी होगी चर्चा
मानसून सत्र के दौरान महंगाई, बेरोजगारी, मंहगते पेट्रोल-डीजल, और युवाओं की रोजगार नीति जैसे मसलों पर भी चर्चा होगी। आर्थिक सर्वेक्षण और आगामी नीतियों पर केंद्र सरकार अपना पक्ष रखेगी, जबकि विपक्ष इन मुद्दों पर सरकार को घेरने की कोशिश करेगा।





