सीजी भास्कर, 15 सितंबर। राज्यभर के लाखों परिवारों के लिए राहत और चिंता दोनों की खबर (E-KYC Deadline) एक साथ आई है। केंद्र सरकार की ओर से जारी निर्देशों ने स्पष्ट कर दिया है कि अब किसी भी लाभार्थी को ढिलाई की गुंजाइश नहीं बचेगी। जिस योजना पर लंबे समय से चर्चा हो रही थी, उस पर अब अंतिम तिथि तय कर दी गई है। लोग अब इस समयसीमा को लेकर असमंजस में हैं कि अगर काम पूरा नहीं किया गया तो कहीं राशन की आपूर्ति ही न रुक जाए।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार यह कदम सीधे तौर पर खाद्यान्न वितरण प्रणाली (E-KYC Deadline) से जुड़ा हुआ है। यानी अब तक जिन परिवारों ने इस औपचारिकता को पूरा नहीं किया है, उनके सामने मुश्किल खड़ी हो सकती है। सरकार का कहना है कि यह प्रक्रिया पूरी तरह तकनीकी और पारदर्शिता सुनिश्चित करने वाली है। लेकिन सवाल यह है कि ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में रहने वाले लोग समय पर इसे पूरा कर पाएंगे या नहीं।
पिछले कुछ दिनों से प्रशासन ने इस प्रक्रिया को लेकर अलग-अलग माध्यमों से जागरूकता फैलानी शुरू कर दी है। जगह-जगह घोषणाएं की जा रही हैं, साथ ही दुकानों में भी सूचना पट्ट लगाए गए हैं। कई लोगों ने अपना ई-केवायसी (E-KYC Deadline) करा लिया है, लेकिन बड़ी संख्या में ऐसे हितग्राही अभी भी बाकी हैं, जिन्हें इस प्रक्रिया से गुजरना है। अब सबकी नजरें तय सीमा 30 सितंबर 2025 पर टिक गई हैं।
भारत सरकार, उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण विभाग के निर्देशों के तहत सभी राशनकार्डधारी परिवारों को यह प्रक्रिया पूरी करनी होगी। एक राष्ट्र, एक राशन कार्ड योजना के अंतर्गत प्रत्येक सदस्य का आधार आधारित प्रमाणीकरण जरूरी कर दिया गया है। इसलिए जिन सदस्यों का ई-केवायसी (E-KYC Deadline) अभी तक नहीं हुआ है, उन्हें जल्द से जल्द यह कार्य करना होगा।
राशनकार्ड में दर्ज सभी सदस्य जिन्हें अभी तक ई-केवायसी (E-KYC Deadline) की सुविधा नहीं मिली है, वे किसी भी उचित मूल्य दुकान में जाकर इसे पूरा कर सकते हैं। सभी दुकानों में संचालित ई-पॉस मशीन के जरिए यह सुविधा उपलब्ध है। इसके अलावा, भारत सरकार द्वारा जारी “मेरा ई-केवायसी एप” के माध्यम से भी लाभार्थी आसानी से यह प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।
महत्वपूर्ण बात यह है कि 5 वर्ष से कम उम्र के बच्चों को इस प्रक्रिया से छूट दी गई है। यानी छोटे बच्चों के लिए किसी तरह की परेशानी नहीं होगी। जबकि बाकी सदस्यों को तय सीमा तक ई-केवायसी (E-KYC Deadline) अनिवार्य रूप से करना होगा। ऐसा न करने की स्थिति में राशन की आपूर्ति पर रोक लग सकती है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए जरूरी है। फर्जी राशनकार्ड और अनियमितताओं पर रोक लगाने के लिए सरकार ने इसे मजबूती से लागू करने का फैसला लिया है। ऐसे में जिन लोगों ने अब तक ई-केवायसी (E-KYC Deadline) पूरा नहीं किया है, उनके सामने अब समय से जूझने की चुनौती होगी।
प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि यह प्रक्रिया पूरी तरह निशुल्क है और इसके लिए हितग्राहियों को किसी भी अतिरिक्त शुल्क का भुगतान नहीं करना होगा। साथ ही, उचित मूल्य की दुकानों में इस काम के लिए कर्मचारियों को विशेष रूप से प्रशिक्षित किया गया है। ग्रामीण क्षेत्रों में पंचायत स्तर पर शिविर आयोजित करने की भी योजना बनाई गई है, ताकि किसी को असुविधा न हो।
लोगों से अपील की गई है कि वे अंतिम क्षण का इंतजार न करें और तुरंत ई-केवायसी (E-KYC Deadline) की प्रक्रिया पूरी करें। क्योंकि अंतिम समय में भीड़ बढ़ने से सर्वर पर दबाव आ सकता है और परेशानी बढ़ सकती है।



