सीजी भास्कर, 11 जुलाई : छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के धरसीवां थाना क्षेत्र स्थित कुंबरगढ़ के प्राचीन चतुर्भुजी मंदिर परिसर में शनिवार सुबह दर्दनाक हादसा (Ancient Stepwell Tragedy) हो गया। मंदिर परिसर की प्राचीन बावड़ी में डूबने से दो मासूम बच्चों की मौत हो गई। सूचना मिलते ही धरसीवां थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों बच्चों के शवों को बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटना के बाद पूरे गांव में मातम का माहौल है।
पुलिस के अनुसार मृतकों की पहचान साक्षी साहू (7 वर्ष) और श्रवण धीवर (4 वर्ष) के रूप में हुई है। दोनों बच्चे धरसीवां विकासखंड के कुर्रा गांव के रहने वाले थे। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक दोनों बच्चे मंदिर परिसर के आसपास खेल रहे थे। इसी दौरान वे प्राचीन बावड़ी के पास पहुंच गए और संतुलन बिगड़ने से गहरे पानी में गिर गए। जब तक आसपास मौजूद लोगों को घटना की जानकारी मिली, तब तक दोनों बच्चे पानी में डूब चुके थे।
ग्रामीणों ने निकाला बाहर, लेकिन नहीं बच सकी जान
घटना (Ancient Stepwell Tragedy) की जानकारी मिलते ही ग्रामीणों ने तत्काल बच्चों की तलाश शुरू की और पुलिस को सूचना दी। स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से दोनों बच्चों को बावड़ी से बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। इसके बाद पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मर्ग कायम किया और मामले की जांच शुरू कर दी।
सुरक्षा व्यवस्था नहीं होने से हादसे की आशंका
घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। ग्रामीणों का कहना है कि मंदिर परिसर की यह प्राचीन बावड़ी काफी गहरी है और इसके चारों ओर न तो पर्याप्त घेराबंदी है और न ही कोई चेतावनी बोर्ड लगाया गया है। इससे यहां हमेशा हादसे का खतरा बना रहता है।
ग्रामीणों ने की सुरक्षा घेराबंदी की मांग
इस दर्दनाक हादसे के बाद ग्रामीणों ने प्रशासन से प्राचीन बावड़ी के चारों ओर मजबूत सुरक्षा घेराबंदी कराने और चेतावनी बोर्ड लगाने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। पुलिस का कहना है कि मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।



