सीजी भास्कर, 27 मई : छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में पुलिस विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करने वाला एक VIDEO सोशल मीडिया (Bilaspur Bribe VIDEO) पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल VIDEO में सरकंडा थाना में पदस्थ हेड कांस्टेबल शोभित कैवर्त्य मारपीट के मामले में पकड़े गए तीन आरोपियों को छोड़ने के बदले रिश्वत की मांग करते दिखाई दे रहे हैं। VIDEO सामने आने के बाद एसएसपी रजनेश सिंह ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी हेड कांस्टेबल को सस्पेंड कर पुलिस लाइन अटैच कर दिया है।
बताया जा रहा है कि मामला (Bilaspur Bribe VIDEO) करीब दो महीने पुराना है, लेकिन VIDEO अब सोशल मीडिया में वायरल हुआ है। VIDEO में हेड कांस्टेबल साफ तौर पर कहते सुनाई दे रहे हैं कि, “तीन-तीन आदमी को 5 हजार में थोड़ी छोड़ूंगा, तीनों के लिए 10 हजार रुपए करवा दो।” VIDEO वायरल होने के बाद पूरे पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया।
जानकारी के मुताबिक, सरकंडा थाना क्षेत्र में हुई मारपीट की एक घटना की जांच हेड कांस्टेबल शोभित कैवर्त्य को सौंपी गई थी। आरोप है कि उन्होंने तीन आरोपियों को थाने में बैठाकर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई और जेल भेजने की धमकी दी। इसके बाद उन्हें छोड़ने के एवज में पैसों की मांग की गई।
सूत्रों के अनुसार, आरोपियों के साथ आए एक युवक ने बातचीत का VIDEO अपने मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया था। अब यही VIDEO सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। यह भी चर्चा है कि पुलिसकर्मी ने रिश्वत की रकम ले भी ली थी, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि जांच रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी।
SSP ने लिया सख्त एक्शन
वीडियो वायरल होते ही एसएसपी रजनेश सिंह ने मामले को गंभीरता से लिया। उन्होंने आरोपी हेड कांस्टेबल को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया। साथ ही पूरे मामले की जांच सिविल लाइन सीएसपी को सौंपते हुए सात दिनों के भीतर रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए हैं।
एसएसपी ने साफ कहा है कि पुलिस विभाग में अवैध वसूली, भ्रष्टाचार और अनुशासनहीनता किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी थाना प्रभारियों और पुलिस अधिकारियों को चेतावनी दी है कि शिकायत मिलने पर सीधे कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस विभाग की छवि पर उठे सवाल
रिश्वत का वीडियो सामने आने के बाद आम लोगों के बीच पुलिस विभाग की कार्यशैली को लेकर चर्चा तेज हो गई है। सोशल मीडिया पर लोग सवाल उठा रहे हैं कि अगर थानों में कार्रवाई के नाम पर इस तरह खुलेआम पैसों की मांग होगी, तो आम आदमी न्याय की उम्मीद कैसे करेगा। फिलहाल पूरे मामले की विभागीय जांच जारी है और जांच रिपोर्ट आने के बाद आरोपी हेड कांस्टेबल पर आगे की बड़ी कार्रवाई हो सकती है।




