सीजी भास्कर, 03 जून। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में एनडीपीएस केस में आरोपी पक्ष को छोड़ने और लिखापढ़ी के नाम पर कथित रूप से रिश्वत मांगने का ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। अब पुलिस विभाग ने बड़ी और सख्त कार्रवाई की है। 50 हजार रुपए मांगने का आरोप है। (Bribery charges in NDPS case)
महिला ने कहा कि, साहब अफसरों के नाम पर पैसे मांग रहे थे। पुरानी भिलाई टीआई के नाम से 20 हजार और साइबर थाने में 2 लाख रुपए मांगे गए। SP विजय अग्रवाल ने पुरानी भिलाई थाने में पदस्थ उप निरीक्षक तुलसीराम साहू और खुर्सीपार थाने में पदस्थ उप निरीक्षक देव लाल साहू को सस्पेंड कर दिया है।
दोनों को रक्षित केंद्र दुर्ग अटैच किया गया है। इसकी जांच के लिए नगर पुलिस अधीक्षक छावनी को जिम्मेदारी सौंपी गई है। उन्हें तीन दिनों के भीतर जांच रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए गए हैं।
वायरल वीडियो के बाद कार्रवाई : Bribery charges in NDPS case
पुलिस के मुताबिक, पुरानी भिलाई थाना में दर्ज केस क्रमांक 288/2026, एनडीपीएस एक्ट से जुड़े मामले में आरोपी पक्ष से कथित रूप से पैसों की मांग किए जाने का ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था।
शुरुआती जांच में वायरल सामग्री के आधार पर दोनों अधिकारियों का आचरण संदिग्ध और विभागीय नियमों के विपरीत प्रतीत होने पर निलंबन की कार्रवाई की गई है।
महिला ने लगाए रिश्वत मांगने के आरोप
इधर, मामले में सामने आई महिला जसबीर ने पुलिस कार्रवाई को लेकर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला का कहना है कि उसकी मां और एक युवक को बिना पर्याप्त आधार के कार्रवाई के दायरे में लाया गया।
महिला के अनुसार उसकी मां को पूछताछ के लिए बुलाया गया था, जबकि जिस युवक को पकड़ा गया उसे लंबे समय तक थाने में रखने के बाद न्यायालय में पेश किया गया।
महिला ने आरोप लगाया कि कार्रवाई के दौरान पहले 5 हजार रुपए लिए गए, बाद में और रकम की मांग की गई। उसका दावा है कि छोड़ने के नाम पर कुल 50 हजार रुपए मांगे गए थे। साथ ही दस्तावेजी प्रक्रिया और लिखापढ़ी के नाम पर अतिरिक्त राशि की मांग भी की जा रही थी।
वरिष्ठ अधिकारियों तक पैसे पहुंचाने की बात का आरोप : Bribery charges in NDPS case
महिला ने दावा किया कि, उसने संबंधित बातचीत की पूरी रिकॉर्डिंग सुरक्षित रखी है। उसके अनुसार बातचीत के दौरान यह भी कहा गया था कि कुछ रकम वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंचानी होगी।
महिला ने यह भी आरोप लगाया कि, उसकी मां से अलग स्तर पर 2 लाख रुपए की मांग की बात कही गई थी। हालांकि उसने स्पष्ट किया कि इस संबंध में उसकी सीधे संबंधित टीम से कोई बातचीत नहीं हुई थी।
निष्पक्ष जांच की मांग
महिला ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए संबंधित स्थानों के सीसीटीवी फुटेज की जांच कराने की मांग की है। उसका कहना है कि जांच होने पर यह स्पष्ट हो जाएगा कि मौके से क्या बरामद हुआ और क्या नहीं।
महिला ने यह भी दावा किया कि जिस मोबाइल फोन के आधार पर उसे बुलाया गया था, उससे संबंधित दस्तावेज और अन्य जानकारी उसके पास उपलब्ध है।
तीन दिन में मांगी गई रिपोर्ट : Bribery charges in NDPS case
दुर्ग पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। नगर पुलिस अधीक्षक छावनी को तीन दिन के भीतर प्रारंभिक जांच रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की विभागीय और कानूनी कार्रवाई तय की जाएगी।




