सीजी भास्कर, 29 अक्टूबर। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर पुलिस परिवार हत्याकांड में तीन दोषियों को फांसी की सजा सुनाए जाने के बाद अब जल्लाद की व्यवस्था का मुद्दा (Chhattisgarh Hangman) सामने आया है। संयुक्त पुलिस कर्मचारी एवं परिवार कल्याण संघ के अध्यक्ष उज्जवल दीवान ने मुख्यमंत्री और गृहमंत्री को पत्र लिखकर निःशुल्क जल्लाद बनने की इच्छा जताई है।

यह भी पढ़ें…Balod Gangrape Case : बालोद में 13 साल की छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म का आरोप, तीन आरोपी हिरासत में
बिना पारिश्रमिक जल्लाद बनने की पेशकश Chhattisgarh Hangman
उज्जवल दीवान ने पत्र में कुलदीप साहू, चंद्रकांत चौधरी और फूल सिंह उर्फ रिंकू विश्वकर्मा को सुनाई गई मृत्युदंड की सजा का जिक्र किया है। उन्होंने कहा कि कानूनी प्रक्रिया के तहत फांसी की सजा पर अमल होता है, तो वे बिना किसी पारिश्रमिक के जल्लाद की भूमिका निभाने को तैयार हैं।
उन्होंने पुलिसकर्मियों और उनके परिवारों की सुरक्षा व सम्मान का मुद्दा उठाते हुए पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग की है।
क्या है सूरजपुर हत्याकांड
दरअसल, 14 अक्टूबर 2024 को सूरजपुर में हेड कॉन्स्टेबल की पत्नी और बेटी की हत्या कर (Chhattisgarh Hangman) दी गई थी। इस मामले में विशेष अदालत ने तीन दोषियों को फांसी और चौथे आरोपी आर्यन विश्वकर्मा को मरते दम तक उम्रकैद की सजा सुनाई है।
यह भी पढ़ें…Raipur Rain : रायपुर में बारिश से गिरा तापमान, खेतों में धान की फसल को भारी नुकसान
अदालत ने 29 सितंबर को चारों आरोपियों को हत्या, दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट के तहत दोषी ठहराया (Chhattisgarh Hangman) था। हालांकि, मृत्युदंड पर अमल निर्धारित कानूनी प्रक्रिया और सक्षम अधिकारियों के माध्यम से ही किया जाएगा।
खबरें और भी हैं…Chhattisgarh BEd DElEd Admission 2026 : छत्तीसगढ़ में बीएड-डीएलएड की बची सीटों पर प्रवेश, जानें कब तक भर सकेंगे फॉर्म


