सीजी भास्कर, 13 जून। छत्तीसगढ़ में ग्रीष्मकालीन अवकाश समाप्त होने के बाद 16 जून से सभी सरकारी और निजी स्कूलों में नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 की शुरुआत होगी। लोक शिक्षण संचालनालय द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार स्कूलों में नियमित कक्षाएं संचालित की जाएंगी। स्कूल खुलने के साथ ही विद्यार्थियों के स्वागत और नामांकन बढ़ाने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। (Chhattisgarh Schools Reopen)
प्रवेश उत्सव के साथ होगा छात्रों का स्वागत : Chhattisgarh Schools Reopen
स्कूल खुलने के पहले दिन शाला प्रवेश उत्सव आयोजित किया जाएगा। पहली बार स्कूल आने वाले बच्चों का तिलक लगाकर स्वागत किया जाएगा। नए विद्यार्थियों के नामांकन को बढ़ावा देने के लिए गांवों और शहरों में मुनादी, रैली, पोस्टर और जनजागरूकता कार्यक्रम चलाए जाएंगे। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, स्कूल प्रबंधन समितियों और अभिभावकों की भी भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।
विभाग ने स्कूल परिसरों की साफ-सफाई, कक्षाओं की मरम्मत और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं पहले ही पूरी करने के निर्देश दिए हैं ताकि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके।
ड्रॉपआउट बच्चों की वापसी पर रहेगा विशेष फोकस
स्कूल शिक्षा विभाग ने पढ़ाई छोड़ चुके बच्चों को दोबारा शिक्षा से जोड़ने के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार की है। आंगनबाड़ी केंद्रों से बच्चों की सूची लेकर पहली कक्षा में प्रवेश सुनिश्चित किया जाएगा, वहीं पांचवीं उत्तीर्ण विद्यार्थियों का छठवीं कक्षा में नामांकन कराया जाएगा।
शिक्षकों को आगामी तीन महीनों की शैक्षणिक कार्ययोजना तैयार करने और विद्यार्थियों तथा शिक्षकों की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। बोर्ड और स्थानीय परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों का सम्मान भी किया जाएगा।
मुफ्त किताबें, यूनिफॉर्म और साइकिल का वितरण : Chhattisgarh Schools Reopen
शाला प्रवेश उत्सव के दौरान पात्र विद्यार्थियों को मुफ्त पाठ्यपुस्तकें, यूनिफॉर्म और साइकिल वितरित की जाएगी। नए सत्र के लिए कक्षा पहली से दसवीं तक की हिंदी और अंग्रेजी माध्यम की पाठ्यपुस्तकों के वितरण की व्यवस्था की गई है।
पाठ्यपुस्तकों का वितरण प्रदेशभर में बनाए गए 12 डिपो के माध्यम से किया जाएगा। स्कूलों को निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार किताबें उपलब्ध कराई जाएंगी। किसी तकनीकी कारण से वितरण प्रभावित होने पर स्कूलों को प्राथमिकता के आधार पर अगले दिन पुस्तकें दी जाएंगी। विभाग ने आवश्यकता पड़ने पर रविवार और सरकारी अवकाश के दिनों में भी वितरण जारी रखने की व्यवस्था की है।
विभाग का उद्देश्य अधिक से अधिक बच्चों को स्कूलों से जोड़ना, ड्रॉपआउट दर कम करना और नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत बेहतर शैक्षणिक माहौल के साथ करना है।




