सीजी भास्कर, 17 अगस्त। फेरारी की पहली इलेक्ट्रिक कार Ferrari Luce ने बाजार में उतरने से पहले ही ऐसा रिकॉर्ड (Ferrari Luce) बना दिया है, जिसने ऑटोमोबाइल जगत का ध्यान खींच लिया। अमेरिका के मोंटेरे में हुई एक चैरिटी नीलामी में इस कार की पहली प्रोडक्शन चेसिस करीब 40 मिलियन डॉलर यानी लगभग 370 करोड़ रुपये में बिकी। खास बात यह है कि जिस कार के लिए इतनी बड़ी रकम चुकाई गई है, वह अभी अपने खरीदार को डिलीवर भी नहीं हुई है।
यह कोई सामान्य कार नहीं बल्कि फेरारी के इलेक्ट्रिक सफर की पहली प्रोडक्शन चेसिस है। इसे Chassis 0 के नाम से पहचाना जाता है। नीलामी से मिली पूरी रकम फेरारी फाउंडेशन को दी जाएगी, जिसका इस्तेमाल शिक्षा से जुड़े कार्यक्रमों के लिए किया जाना है।

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Ferrari Luce ने तोड़ा पुराना नीलामी रिकॉर्ड
Ferrari Luce ने नीलामी में अपनी ही कंपनी के पुराने रिकॉर्ड को काफी पीछे छोड़ दिया है। साल 2025 में एक कस्टमाइज्ड Ferrari Daytona SP3 करीब 26 मिलियन डॉलर में बिकी थी।
अब Luce की पहली प्रोडक्शन चेसिस 40 मिलियन डॉलर में बिकने के बाद फेरारी की सबसे महंगी नीलामी कारों में सबसे ऊपर पहुंच गई है। यानी पिछला रिकॉर्ड भी इस कार की बोली के सामने काफी पीछे रह गया।
Chassis 0 क्यों है इतनी खास? Ferrari Luce
नीलामी में बेची गई कार को Chassis 0 कहा गया है। कंपनी के मुताबिक यह Luce प्रोग्राम की पहली प्रोडक्शन चेसिस है। यही वजह है कि इसे फेरारी के इलेक्ट्रिक कार इतिहास का बेहद खास हिस्सा माना जा रहा है।
इस कार की खासियत सिर्फ इसका इलेक्ट्रिक होना नहीं है। यह फेरारी के उस नए दौर की शुरुआत का प्रतीक है, जिसमें कंपनी अपनी पारंपरिक स्पोर्ट्स कारों के साथ इलेक्ट्रिक तकनीक को भी जोड़ने जा रही है।
शुरुआती कीमत से कई गुना ज्यादा लगी बोली
फेरारी ने अपनी पहली ऑल इलेक्ट्रिक कार Luce को मई 2026 में पेश किया था। इसकी शुरुआती कीमत करीब 5.5 लाख यूरो बताई गई थी, जो लगभग 6.36 लाख डॉलर के आसपास बैठती है।
लेकिन नीलामी में इसकी पहली प्रोडक्शन चेसिस के लिए 40 मिलियन डॉलर की बोली लगी। यह रकम कार की शुरुआती कीमत से कई गुना ज्यादा है। हालांकि इसकी वजह कार का सामान्य बिक्री मॉडल नहीं, बल्कि Chassis 0 का ऐतिहासिक और कलेक्टर वैल्यू वाला दर्जा है।
नीलामी की पूरी रकम जाएगी फाउंडेशन को
इस खास नीलामी का आयोजन RM Sotheby’s ने किया था। फेरारी ने साफ किया है कि नीलामी से मिली 40 मिलियन डॉलर की पूरी रकम कंपनी अपने पास नहीं रखेगी।
पूरी रकम फेरारी फाउंडेशन को दी जाएगी। इस राशि का इस्तेमाल भविष्य में शिक्षा से जुड़े कार्यक्रमों के लिए किया जाएगा। यानी इस रिकॉर्ड बोली के पीछे कार के ऐतिहासिक महत्व के साथ एक सामाजिक उद्देश्य भी जुड़ा हुआ है।
Jony Ive के स्टूडियो के साथ तैयार हुई कार
Ferrari Luce को तैयार करने में कंपनी ने डिजाइन स्टूडियो LoveFrom के साथ काम किया है। इस स्टूडियो की स्थापना Apple के पूर्व डिजाइन प्रमुख Jony Ive ने की है।
फेरारी की पहली इलेक्ट्रिक कार को लेकर कंपनी की कोशिश साफ है कि इलेक्ट्रिक तकनीक के साथ उसके ब्रांड की पहचान और प्रीमियम डिजाइन को भी बरकरार रखा जाए। 40 मिलियन डॉलर की रिकॉर्ड बोली इस कार के प्रति कलेक्टर्स और ऑटोमोबाइल जगत की दिलचस्पी को दिखाती है।
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