CG BhaskarCG BhaskarCG Bhaskar
Font ResizerAa
  • ट्रेंडिंग
  • देश-दुनिया
  • राज्य
  • राजनीति
  • खेल
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • अपराध
  • धर्म
  • शिक्षा
  • अन्य
Font ResizerAa
CG BhaskarCG Bhaskar
Search
  • ट्रेंडिंग
  • देश-दुनिया
  • राज्य
  • राजनीति
  • खेल
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • अपराध
  • धर्म
  • शिक्षा
  • अन्य
Follow US
Home » Teacher Rationalization : शिक्षकों के युक्तियुक्तकरण पर हाईकोर्ट की बड़ी टिप्पणी, सरकार के फैसले को बताया जनहित में

Teacher Rationalization : शिक्षकों के युक्तियुक्तकरण पर हाईकोर्ट की बड़ी टिप्पणी, सरकार के फैसले को बताया जनहित में

By Newsdesk Admin
03/07/2026
Share

सीजी भास्कर, 03 जुलाई। छत्तीसगढ़ में शिक्षकों के युक्तियुक्तकरण को लेकर चल रहे विवाद पर हाईकोर्ट ने बड़ा फैसला (Teacher Rationalization) सुनाया है। अदालत ने राज्य सरकार की नीति को जनहित में उठाया गया कदम बताते हुए उसके खिलाफ दायर सभी प्रमुख याचिकाओं को खारिज कर दिया। फैसले के बाद प्रदेश में लागू युक्तियुक्तकरण प्रक्रिया को कानूनी मजबूती मिल गई है।

Contents
  • 24 से ज्यादा याचिकाएं हुईं खारिज Teacher Rationalization
  • युक्तियुक्तकरण नीति को दी गई थी चुनौती
  • शिक्षकों ने उठाए थे ये सवाल
  • सरकार ने कोर्ट में रखा पक्ष
  • हाईकोर्ट ने क्या कहा
  • 16 हजार से ज्यादा शिक्षकों का हुआ युक्तियुक्तकरण

कोर्ट ने स्पष्ट किया कि सरकारी कर्मचारियों का स्थानांतरण और पदस्थापना प्रशासनिक अधिकार क्षेत्र का हिस्सा है। किसी भी कर्मचारी को किसी एक स्थान पर स्थायी रूप से बने रहने का कानूनी या संवैधानिक अधिकार प्राप्त नहीं है।

24 से ज्यादा याचिकाएं हुईं खारिज Teacher Rationalization

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के जस्टिस बीडी गुरु की एकलपीठ ने छत्तीसगढ़ विद्यालयीन शिक्षक कर्मचारी संघ सहित प्रदेशभर से दायर 24 से अधिक याचिकाओं को निरस्त कर दिया। अदालत ने कहा कि शिक्षकों का संतुलित वितरण सुनिश्चित करने के लिए सरकार द्वारा अपनाई गई नीति जनहित में है।

युक्तियुक्तकरण नीति को दी गई थी चुनौती

राज्य सरकार ने 2 अगस्त 2024 को शिक्षकों और स्कूलों के युक्तियुक्तकरण के लिए दिशा निर्देश जारी किए थे। इसके बाद अप्रैल 2025 में इसके क्रियान्वयन के आदेश जारी हुए। नीति के तहत अतिशेष शिक्षकों को शिक्षकविहीन और एकल शिक्षक वाले स्कूलों में पदस्थ करने का प्रावधान किया गया।

इस नीति के खिलाफ दुर्ग, रायपुर, बिलासपुर, कोरबा, कांकेर, कोंडागांव, महासमुंद और अन्य जिलों के शिक्षकों तथा शिक्षक संगठनों ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।

शिक्षकों ने उठाए थे ये सवाल

याचिकाकर्ताओं का कहना था कि यह नीति शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 के प्रावधानों के अनुरूप नहीं है। उनका आरोप था कि अतिशेष शिक्षकों की पहचान में वरिष्ठता की अनदेखी की गई और अंतिम नियुक्ति पहले स्थानांतरण के सिद्धांत को गलत तरीके से लागू किया गया। इसके अलावा यह भी दलील दी गई कि आदेश संविधान के अनुच्छेद 166 के तहत राज्यपाल के नाम से विधिवत जारी नहीं किया गया।

सरकार ने कोर्ट में रखा पक्ष

राज्य सरकार ने अदालत को बताया कि युक्तियुक्तकरण का प्रस्ताव मंत्रिपरिषद से मंजूर होने के बाद राज्यपाल के नाम से विधिवत आदेश जारी किया (Teacher Rationalization) गया था। सरकार ने यह भी कहा कि याचिकाकर्ता यह साबित करने वाला कोई ठोस आंकड़ा प्रस्तुत नहीं कर सके कि किसी स्कूल में छात्र शिक्षक अनुपात प्रभावित हुआ है।

हाईकोर्ट ने क्या कहा

अदालत ने कहा कि सरकार का आदेश पूरी तरह वैध है और इसे विधिक प्रक्रिया का पालन करते हुए जारी किया गया था। कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि जब तक कोई सरकारी नीति मनमानी, दुर्भावनापूर्ण या स्पष्ट रूप से अवैध साबित न हो, तब तक न्यायालय उसमें हस्तक्षेप नहीं करेगा।

16 हजार से ज्यादा शिक्षकों का हुआ युक्तियुक्तकरण

राज्य सरकार के अनुसार प्रदेश में युक्तियुक्तकरण प्रक्रिया के तहत 16,165 शिक्षकों और प्राचार्यों का स्थानांतरण किया गया है। इसके अंतर्गत 10,463 स्कूलों में व्यवस्था का पुनर्गठन किया गया, जिनमें बड़ी संख्या ऐसे विद्यालयों की है जहां पहले शिक्षक नहीं थे या केवल एक शिक्षक के भरोसे पढ़ाई चल रही थी।

हाईकोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना राज्य का संवैधानिक दायित्व (Teacher Rationalization) है और इस उद्देश्य से उठाए गए उचित प्रशासनिक कदमों में अनावश्यक न्यायिक हस्तक्षेप नहीं किया जा सकता।

Fake Call Center Scam India : रायपुर में इंटरनेशनल ठगी का बड़ा खुलासा, 3 फर्जी कॉल सेंटर ध्वस्त, 42 आरोपी गिरफ्तार
Raipur Loan Harassment Case : कर्ज के दबाव से महिला ने उठाया खौफनाक कदम, दो आरोपी हिरासत में
Chhattisgarh Pollution Action: बढ़ते प्रदूषण पर सरकार की सख्ती, नियम तोड़ने वाले उद्योगों की बिजली कटी
बिलासपुर में तेज आंधी से अनिरुद्धाचार्य का पंडाल ढहा, कथा कार्यक्रम स्थगित..
MEMU Train Services Restored: बोरतलाव-दरेकसा सेक्शन में काम पूरा, 13 मेमू ट्रेनें फिर से शुरू
Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Telegram

ताजा खबरें

Raipur Theft Case
Raipur Theft Case : चोरी की वारदात का 8 घंटे में खुलासा, आरोपी गिरफ्तार

Raipur Theft Case :पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार…

CBI Bank Fraud Case : फर्जी स्टॉक के सहारे 25 करोड़ का लोन, बैंक फ्रॉड में CBI ने दर्ज की FIR

CBI Bank Fraud Case : मामले में बैंक…

PM Awas Yojana Chhattisgarh
PM Awas Yojana Chhattisgarh : छत्तीसगढ़ की बड़ी उपलब्धि, तेजी से पूरे हो रहे गरीबों के पक्के मकान

PM Awas Yojana Chhattisgarh : सरकार के मुताबिक,…

Pradeep Mishra Katha Durg
Pradeep Mishra Katha Durg : प्रदीप मिश्रा ने Gen-Z को दिलाई संस्कारों की शपथ, बोले- माता-पिता बच्चों को गाड़ी नहीं, संस्कार दें

Pradeep Mishra Katha Durg :प्रदीप मिश्रा ने माता-पिता…

School Lockdown Protest 
School Lockdown Protest : स्कूल में तालाबंदी के बाद सड़क पर उतरे छात्र, सड़क पर चक्काजाम

School Lockdown Protest : प्रशासन के सामने छात्रों…

छत्तीसगढ़ प्रदेश का एक विश्वसनीय न्यूज पोर्टल है, जिसकी स्थापना देश एवं प्रदेश के प्रमुख विषयों और खबरों को सही तथ्यों के साथ आमजनों तक पहुंचाने के उद्देश्य से की गई है। इसके साथ ही हम महत्वपूर्ण खबरों को अपने पाठकों तक सबसे पहले पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
क्विक लिंक्स
  • ट्रेंडिंग
  • देश-दुनिया
  • राज्य
  • राजनीति
  • खेल
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • अपराध
  • धर्म
  • शिक्षा
  • अन्य

हमारे बारे में

मुख्य संपादक : डी. सोनी

संपर्क नंबर : +91 8839209556

ईमेल आईडी : cgbhaskar28@gmail.com

© Copyright CGbhaskar 2025 | All Rights Reserved | Made in India by MediaFlix
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?