सीजी भास्कर, 07 सितंबर। धमधा पुलिस ने मवेशियों के अवैध परिवहन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 15 पशुओं से भरा एक आइसर वाहन (Dhamdha Cattle Smuggling) पकड़ा है। वाहन में 3 पड़वा और 12 भैंसों को बेहद कम जगह में ठूंस-ठूंसकर ले जाया जा रहा था। पुलिस ने वाहन चालक समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
पूछताछ में आरोपियों ने पुलिस को बताया कि मवेशियों को नंदिनी क्षेत्र से मध्यप्रदेश के सागर ले जाया जा रहा था। मामले में पुलिस ने संबंधित धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

यह भी पढ़ें : Delhi Building Collapse : 5 मंजिला इमारत गिरने से दुर्ग के युवराज की मौत, दिल्ली में पढ़ रहा था B.Com सेकंड ईयर
बस स्टैंड के पास घेराबंदी कर पकड़ा वाहन Dhamdha Cattle Smuggling
पुलिस को 5 सितंबर को सूचना मिली थी कि एक आइसर वाहन में मवेशियों को क्रूरता से भरकर धमधा की ओर ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस ने बस स्टैंड के पास साहू होटल के सामने घेराबंदी की।
कुछ देर बाद वाहन क्रमांक UP 83 ET 3857 वहां पहुंचा। पुलिस और गौसेवकों ने वाहन को रोकने का प्रयास किया, लेकिन चालक ने आगे बढ़ने की कोशिश की। इसके बाद पुलिस टीम ने घेराबंदी कर वाहन को रोक लिया।
वाहन के पिछले हिस्से को हरे रंग की तिरपाल से ढका गया था। तिरपाल हटाने पर अंदर कुल 15 मवेशी मिले।
3 पड़वा और 12 भैंस बरामद
पुलिस की जांच में वाहन से 3 पड़वा और 12 काली भैंस समेत कुल 15 पशु बरामद किए गए। पुलिस के अनुसार, सभी मवेशियों को पर्याप्त चारा-पानी दिए बिना कम जगह में रखा गया था।
पूछताछ में वाहन चालक शिवशंकर (35) और उसके साथी परविंद कुमार (42) ने बताया कि वे मवेशियों को नंदिनी क्षेत्र से मध्यप्रदेश के सागर ले जा रहे थे। दोनों आरोपी उत्तरप्रदेश के फिरोजाबाद जिले के निवासी बताए गए हैं।
यह भी पढ़ें : Shine 2026 Raipur : रायपुर में Shine 2026 का शानदार आयोजन, 85 स्कूलों के 2 हजार से ज्यादा छात्रों ने लिया हिस्सा
21.90 लाख रुपए का वाहन जब्त
मामले में धमधा थाने में छत्तीसगढ़ कृषिक पशु परिरक्षण अधिनियम, 2004 और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत अपराध दर्ज किया गया है।
पुलिस ने मवेशियों के परिवहन में इस्तेमाल आइसर वाहन को भी जब्त कर लिया है। वाहन की अनुमानित कीमत 21 लाख 90 हजार रुपए बताई गई है।
बरामद सभी पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया और सुरक्षित रख-रखाव के लिए उन्हें पशु चिकित्सालय धमधा भेज दिया गया।
पुलिस अब मवेशियों को उपलब्ध कराने और उनके परिवहन से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।



