सीजी भास्कर, 29 सितंबर : महानदी जल विवाद को सुलझाने की कोशिशों के बीच 1 अक्टूबर को नई दिल्ली में अहम बैठक होने जा रही है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में होने वाली इस बैठक में महानदी जल विवाद पर बैठक (Mahanadi Water Dispute) के लिए छत्तीसगढ़ और ओडिशा के मुख्यमंत्री शामिल होंगे। बैठक में दोनों राज्यों के बीच जल बंटवारे और प्रबंधन से जुड़े मुद्दों पर आगे की बातचीत होगी।
यह भी पढ़ें : Pangolin Rescue : घर के आंगन में पहुंचा दुर्लभ पैंगोलिन, वन विभाग ने रेस्क्यू कर जंगल में छोड़ा
दोनों राज्यों के CM होंगे शामिल
बैठक में छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी शामिल होंगे। ओडिशा के महाधिवक्ता पितांबर आचार्य ने बैठक की जानकारी देते हुए बताया है कि दोनों राज्यों के बीच आपसी समझ के जरिए समाधान की दिशा में आगे बढ़ने की कोशिश होगी। दोनों राज्यों के CM की बैठक (Mahanadi Water Dispute) में वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल हो सकते हैं।
यह भी पढ़ें : Rikesh Sen Development : निगम चुनाव से पहले विधायक रिकेश का मास्टरस्ट्रोक, 37 वार्डों को 20.52 करोड़ की सौगात
20 सितंबर को हुई मुलाकात
इससे पहले 20 सितंबर को भुवनेश्वर में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी की मुलाकात हुई थी। दोनों नेताओं के बीच करीब एक घंटे से अधिक समय तक विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई थी। इसमें महानदी जल बंटवारे का विषय भी शामिल था। मुलाकात के बाद सीएम साय ने विवाद को जल्द सुलझने की उम्मीद जताई थी।
यह भी पढ़ें : Surajpur Mother Daughter Murder Case : सूरजपुर मां-बेटी हत्याकांड में 4 आरोपी दोषी, 8 अक्टूबर को सुनाई जाएगी सजा
जुलाई में भी हुई थी बैठक
इससे पहले 30 जुलाई को नई दिल्ली में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल की अध्यक्षता में दोनों राज्यों के मुख्यमंत्रियों की बैठक हुई थी। केंद्र सरकार के मुताबिक, बैठक का उद्देश्य संवाद, तकनीकी सहयोग और सहकारी संघवाद के जरिए महानदी जल विवाद का सौहार्दपूर्ण समाधान तलाशना था। बैठक में केंद्रीय जल आयोग और दोनों राज्यों के वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल हुए थे। तकनीकी मुद्दों पर दोनों राज्यों के बीच बातचीत आगे बढ़ाने के लिए विस्तारित तकनीकी समिति की प्रक्रिया भी जारी है।
यह भी पढ़ें : Drishyam 3 Advance Booking : दृश्यम 3 की एडवांस बुकिंग में जोरदार शुरुआत, 4.43 लाख टिकट बिके; कमाई 17 करोड़ के पार
2018 से ट्रिब्यूनल में मामला
महानदी जल बंटवारे का विवाद 2018 से महानदी जल विवाद ट्रिब्यूनल के समक्ष लंबित है। केंद्र सरकार ने ओडिशा के अनुरोध के बाद 12 मार्च 2018 को अंतरराज्यीय नदी जल विवाद अधिनियम, 1956 के तहत ट्रिब्यूनल का गठन किया था। अब दोनों राज्यों के बीच बातचीत के जरिए समाधान तलाशने की कोशिशों को आगे बढ़ाया जा रहा है। ट्रिब्यूनल में लंबित महानदी विवाद (Mahanadi Water Dispute) के बीच 1 अक्टूबर की बैठक को इसी संवाद प्रक्रिया की अगली कड़ी माना जा रहा है।
समाधान पर रहेगी नजर
1 अक्टूबर की बैठक में महानदी के जल बंटवारे और प्रबंधन से जुड़े मुद्दों पर चर्चा आगे बढ़ने की उम्मीद है। दोनों राज्यों के बीच हाल के महीनों में मुख्यमंत्री स्तर के साथ-साथ तकनीकी स्तर पर भी बातचीत हुई है। महानदी विवाद के समाधान की कोशिश (Mahanadi Water Dispute) अब केंद्रीय स्तर पर होने वाली इस बैठक तक पहुंच गई है।
यह भी पढ़ें : Indian Stock Market Fall : शेयर बाजार में लगातार दूसरे दिन गिरावट, सेंसेक्स-निफ्टी छह महीने के निचले स्तर के करीब



