सीजी भास्कर, 22 मई : लोक निर्माण विभाग के सचिव मुकेश कुमार बंसल ने आज वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक (PWD Review Meeting) लेकर विभागीय कार्यों की समीक्षा की। नवा रायपुर स्थित निर्माण भवन में आयोजित बैठक में उन्होंने विभागीय कार्यों में जनहित, पारदर्शिता और तकनीकी दक्षता को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी निर्माण कार्यों में गुणवत्ता और तेजी सुनिश्चित करने पर विशेष जोर देते हुए अधिकारियों से आधुनिक तकनीकों के अधिक उपयोग को बढ़ावा देने को कहा।
बैठक (PWD Review Meeting) के दौरान विभागीय सचिव ने कहा कि निर्माण कार्यों में समयसीमा और गुणवत्ता दोनों का पालन अनिवार्य रूप से किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी परियोजनाओं की नियमित मानिटरिंग की जाए और कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। विभागीय कामकाज को अधिक प्रभावी बनाने के लिए उन्होंने Digital Infrastructure Monitoring से जुड़ी नई तकनीकों और सॉफ्टवेयर आधारित व्यवस्थाओं के उपयोग को बढ़ाने पर जोर दिया।

मुकेश कुमार बंसल ने बैठक में सभी टेंडर प्रक्रियाओं को पूरी पारदर्शिता और तय समयसीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विभाग की प्राथमिकता जनहित से जुड़े निर्माण कार्यों को गुणवत्ता के साथ तेजी से पूरा करना है। इसके लिए तकनीकी दक्षता बढ़ाने के साथ-साथ निगरानी व्यवस्था को और मजबूत किया जाना आवश्यक है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि Digital Infrastructure Monitoring के जरिए निर्माण कार्यों की हर स्तर पर समीक्षा सुनिश्चित की जाए।
बैठक (PWD Review Meeting) में अधिकारियों ने जानकारी दी कि आधुनिक जियो-इन्फॉर्मेटिक्स तकनीक के माध्यम से निर्माण कार्यों की मॉनिटरिंग, मैपिंग और प्रोजेक्ट प्रबंधन को अधिक प्रभावी बनाया जा रहा है। विभाग द्वारा टेंडर प्रक्रिया, कार्य आबंटन, बिलिंग प्रक्रिया और भुगतान प्रणाली को भी तकनीकी रूप से मजबूत किया जा रहा है ताकि कार्यों में पारदर्शिता बनी रहे और परियोजनाओं में देरी न हो।
लोक निर्माण विभाग के सचिव ने प्रदेशभर में चल रहे निर्माण कार्यों, टेंडर प्रक्रिया की प्रगति और आगामी परियोजनाओं की तैयारियों की विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों और ठेकेदारों के कार्य निष्पादन, विभिन्न तकनीकी प्रक्रियाओं तथा भुगतान व्यवस्था की भी जानकारी ली। बैठक में गुणवत्ता नियंत्रण और निर्माण कार्यों में तकनीकी मानकों के पालन पर विशेष चर्चा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि Digital Infrastructure Monitoring के माध्यम से परियोजनाओं की प्रगति पर लगातार नजर रखी जाए।

बैठक (PWD Review Meeting) में रायपुर के कचना रेलवे ओवरब्रिज निर्माण कार्य की प्रगति की भी समीक्षा की गई। विभागीय सचिव ने अधिकारियों से निर्माण कार्य की वर्तमान स्थिति, गुणवत्ता नियंत्रण और समयसीमा के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने कहा कि शहरों में बढ़ते यातायात दबाव को देखते हुए अधोसंरचना विकास कार्यों को प्राथमिकता के साथ पूरा किया जाना जरूरी है।
बैठक के दौरान विभागीय सचिव ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार आधुनिक तकनीकों के जरिए निर्माण कार्यों में पारदर्शिता और दक्षता बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि विभागीय कार्यों में डिजिटलीकरण और नई तकनीकों का उपयोग आने वाले समय में निर्माण प्रक्रिया को और अधिक प्रभावी बनाएगा। साथ ही इससे परियोजनाओं की गुणवत्ता और गति दोनों में सुधार होगा।



