सीजी भास्कर, 25 अक्टूबर। कलेक्टर-आईजी-एसपी कॉन्फ्रेंस में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की सख्त नाराजगी के बाद आखिरकार कार्रवाई शुरू हो गई है। सरकार (Chhattisgarh IPS Transfer 2025) ने शुक्रवार देर शाम तीन जिलों के पुलिस अधीक्षकों को तत्काल प्रभाव से हटा दिया, जबकि सात आईपीएस अधिकारियों के तबादले का आदेश जारी किया गया। अब प्रशासनिक गलियारों में चर्चा है कि अगली लिस्ट कलेक्टरों की हो सकती है, जिसकी फाइल तैयार बताई जा रही है।
राजनांदगांव, मनेंद्रगढ़ और कोंडागांव में बदलाव
गृह विभाग के सचिव हिम शिखर गुप्ता के हस्ताक्षर से जारी आदेश के अनुसार, राजनांदगांव के एसपी मोहित गर्ग को हटाकर पुलिस मुख्यालय नवा रायपुर में सहायक पुलिस महानिरीक्षक पदस्थ किया गया है। उनकी जगह अंकिता शर्मा, जो अब तक सक्ती जिले की पुलिस अधीक्षक थीं, को नई जिम्मेदारी दी गई है।
मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर के एसपी चंद्रमोहन सिंह को डायरेक्टर, ट्रेनिंग और ऑपरेशन फायर सर्विस, नागरिक सुरक्षा मुख्यालय भेजा गया है। उनकी जगह रतना सिंह को जिले की कमान सौंपी गई है। वहीं कोंडागांव के एसपी यदुवली अक्षय कुमार को हटाकर नवा रायपुर मुख्यालय में पदस्थ किया गया है, और उनकी जगह पंकज चंद्रा, सेनानी 13वीं बटालियन छसबल बांगो (कोरबा) को नियुक्त किया गया है। सक्ति जिले के नए एसपी प्रफुल्ल ठाकुर होंगे, जो पूर्व में चौथी वाहिनी छसबल माना में सेनानी पद पर थे।
कॉन्फ्रेंस में सीएम की फटकार से शुरू हुई कार्रवाई
13 अक्टूबर को हुई कलेक्टर-आईजी-एसपी कांफ्रेंस में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और गृह मंत्री विजय शर्मा ने प्रदेश में कानून-व्यवस्था, मादक पदार्थ नियंत्रण, सड़क सुरक्षा, और साइबर अपराध की स्थिति पर समीक्षा की थी। सीएम ने कहा था कि कानून व्यवस्था बनाए रखने में कलेक्टर और एसपी दोनों की समान जिम्मेदारी है। सूत्रों के मुताबिक, मुख्यमंत्री ने उस बैठक में कुछ जिलों के अधिकारियों के कमजोर परफॉर्मेंस पर कड़ी नाराजगी जताई थी और साफ संकेत दिया था कि “अब काम नहीं करने वालों को जगह नहीं मिलेगी।
अब कलेक्टरों की बारी, जारी होगी नई सूची
राज्य सचिवालय सूत्रों की मानें तो अगला फेरबदल कलेक्टर स्तर पर होगा। कमजोर रिपोर्ट वाले जिलों के कलेक्टरों की समीक्षा चल रही है और सूची अगले 24 से 48 घंटे में जारी हो सकती है। मुख्यमंत्री कार्यालय और कार्मिक विभाग के बीच फाइलों की आवाजाही तेज है। प्रशासनिक हलकों में यह भी चर्चा है कि रजत जयंती वर्ष में सरकार “नया चेहरा, नया परफॉर्मेंस” नीति पर काम कर रही है।


