दुर्ग जिले की छावनी थाना पुलिस ने साइबर ठगी से जुड़े एक संगठित नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए 23 लोगों के खिलाफ कार्रवाई की है। आरोप है कि ये लोग साइबर अपराधियों को अपने और अन्य लोगों के बैंक खाते उपलब्ध कराकर ठगी की रकम के लेनदेन में मदद करते थे। पुलिस ने 15 आरोपियों को हिरासत में लिया है, जबकि 8 लोगों को नोटिस देकर छोड़ दिया गया। कार्रवाई के दौरान मोबाइल फोन, एटीएम कार्ड, बैंक पासबुक, चेकबुक, आधार कार्ड और बैंकिंग से जुड़े कई दस्तावेज जब्त किए गए हैं। (Cyber Fraud Network Busted)
जांच के दौरान तकनीकी साक्ष्यों और बैंक खातों की पड़ताल में सामने आया कि आरोपी कमीशन के लालच में अपने बैंक खाते साइबर ठगों को इस्तेमाल के लिए उपलब्ध कराते थे। इन खातों में पहले साइबर ठगी (Cyber Fraud Network Busted) की रकम जमा कराई जाती थी, जिसके बाद उसे अलग-अलग खातों में ट्रांसफर कर दिया जाता था ताकि जांच एजेंसियों को भ्रमित किया जा सके।
पुलिस के अनुसार, 29 जून को की गई कार्रवाई में कुल 23 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। कई आरोपियों ने कमीशन लेकर बैंक खाते उपलब्ध कराने की बात स्वीकार की है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इन खातों का इस्तेमाल देशभर में हुई कितनी साइबर ठगी की घटनाओं में किया गया और इस नेटवर्क (Cyber Fraud Network Busted) से जुड़े अन्य लोग कौन हैं। जब्त किए गए मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की फॉरेंसिक जांच भी की जा रही है।



