सीजी भास्कर, 23 जुलाई। सुपरस्टार से नेता बने विजय की आखिरी फिल्म सिनेमाघरों में पहुंचते ही दर्शकों के बीच चर्चा का बड़ा विषय (Jana Nayagan) बन गई है। पहले ही दिन थिएटरों के बाहर फैंस का उत्साह देखने को मिला, वहीं सोशल मीडिया पर फिल्म को लेकर लगातार प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। किसी ने इसे यादगार विदाई बताया तो कुछ दर्शकों ने फिल्म की कहानी और निर्देशन पर सवाल खड़े किए।
फिल्म रिलीज होने के बाद सोशल मीडिया पर रिव्यू की बाढ़ आ गई है। कई दर्शक विजय की स्क्रीन प्रेजेंस और अभिनय की तारीफ करते नजर आए, जबकि कुछ लोगों का कहना है कि फिल्म उम्मीदों पर पूरी तरह खरी नहीं उतर सकी। ऐसे में फिल्म को लेकर मिली जुली प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है।
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सात महीने की देरी के बाद सिनेमाघरों में पहुंची फिल्म Jana Nayagan
एच विनोथ के निर्देशन में बनी विजय की फिल्म जन नायकन आखिरकार सात महीने की देरी के बाद 22 जुलाई 2026 को रिलीज हुई। यह अभिनेता के रूप में विजय की आखिरी फिल्म मानी जा रही है। फिल्म में पूजा हेगड़े, बॉबी देओल, ममिता बैजू, गौतम वासुदेव मेनन, प्रकाश राज और नारायण भी अहम भूमिकाओं में नजर आए हैं।
थिएटर में फैंस के साथ पहुंचीं तृषा कृष्णन
फिल्म की रिलीज के मौके पर अभिनेत्री तृषा कृष्णन चेन्नई के रोहिणी थिएटर में दर्शकों के साथ फिल्म देखने पहुंचीं। थिएटर के बाहर मौजूद फैंस ने उनका जोरदार स्वागत किया। इस दौरान के वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने लगीं।
सोशल मीडिया पर किसी ने सराहा, किसी ने की आलोचना Jana Nayagan
कई दर्शकों ने विजय के अभिनय, स्टाइल और स्क्रीन प्रेजेंस की जमकर तारीफ की। एक यूजर ने लिखा कि फिल्म शुरू से अंत तक मनोरंजक रही और विजय को पर्दे पर बहुत याद किया जाएगा। वहीं कुछ प्रशंसकों ने इसे भावुक विदाई बताते हुए उनके लंबे फिल्मी सफर के लिए धन्यवाद भी दिया।
दूसरी ओर कुछ दर्शकों ने फिल्म के निर्देशन, कहानी, संपादन, दृश्य प्रभाव और विलेन के किरदार को कमजोर बताया। एक यूजर ने लिखा कि कुछ अच्छे दृश्यों और संगीत को छोड़ दें तो फिल्म निराश करती है और इसे 5 में से 2 अंक दिए।
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रीमेक होने के दावे भी हुए
सोशल मीडिया पर कई यूजर्स ने दावा किया कि जन नायकन फिल्म तेलुगु फिल्म भगवत केसरी से काफी मिलती जुलती है। कुछ लोगों ने इसे हूबहू रीमेक बताया और पहले हिस्से को कमजोर करार दिया। हालांकि फिल्म निर्माताओं की ओर से इस दावे पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
पहले हाफ और दूसरे हाफ पर भी बंटी राय
कुछ दर्शकों का कहना है कि फिल्म का पहला हिस्सा औसत रहा, जबकि दूसरे हिस्से ने भी उम्मीद के मुताबिक प्रभाव नहीं छोड़ा। वहीं विजय के प्रशंसकों का मानना है कि अभिनेता की दमदार मौजूदगी फिल्म को खास बनाती है और उनकी विदाई को भावुक (Jana Nayagan) बना देती है।
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मंत्री भी हुए भावुक
तमिलनाडु के श्रम कल्याण और कौशल विकास मंत्री मोहम्मद परवेज भी थिएटर में फिल्म देखने पहुंचे। विजय की आखिरी फिल्म देखते समय वह भावुक हो गए और उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े। इस दौरान का वीडियो भी सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है।



