सीजी भास्कर, 05 अक्टूबर। मुंगेली में साइबर अपराध से बचाव को लेकर चलाए गए सात सप्ताह के अभियान का समापन (Cyber Awareness) हो गया है। 15 अगस्त से 2 अक्टूबर तक चले इस अभियान में पुलिस ने गांव से लेकर स्कूल, कॉलेज, बैंक और बाजार तक पहुंचकर लोगों को डिजिटल ठगी से बचने के तरीके बताए।
जिला पुलिस के अनुसार प्रदेश के 34 जिलों में चलाए गए अभियान में मुंगेली को पांचवां स्थान मिला है। इस दौरान जिले में 36,577 जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए और 18,32,013 लोगों से सीधे संवाद कर साइबर सुरक्षा की जानकारी दी गई।

यह भी पढ़ें…Telibandha Flyover : तेलीबांधा में जाम का होगा इलाज, पुराने फ्लाईओवर के ऊपर बनेगा नया मार्ग
सात सप्ताह में अलग-अलग साइबर खतरों पर फोकस Cyber Awareness
अभियान के दौरान हर सप्ताह अलग विषय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। शुरुआत में विद्यार्थियों और नागरिकों को अनजान लिंक, संदिग्ध एप, कमजोर पासवर्ड, ओटीपी और सोशल मीडिया सुरक्षा की जानकारी दी गई।
इसके बाद ऑनलाइन बैंकिंग और वित्तीय ठगी, यूपीआई फ्रॉड, फर्जी बैंक अधिकारी, क्यूआर कोड और ओटीपी से जुड़ी धोखाधड़ी को लेकर लोगों को सतर्क किया गया।

यह भी पढ़ें…POP Idols : रायपुर के विसर्जन कुंड में सामने आई तस्वीर, मिट्टी की मूर्तियां घुलीं तो पीओपी जस की तस
डिजिटल अरेस्ट और नौकरी के नाम पर ठगी से बचाव
पुलिस ने डिजिटल अरेस्ट के नाम पर होने वाली ठगी को लेकर भी विशेष अभियान (Cyber Awareness) चलाया। लोगों को बताया गया कि फर्जी पुलिस, सीबीआई या ईडी अधिकारी बनकर वीडियो कॉल और नोटिस के जरिए डराने वाले साइबर ठगों से सावधान रहें।
युवाओं को फर्जी भर्ती, वर्क फ्रॉम होम और नौकरी के नाम पर होने वाली ठगी से बचने की जानकारी दी गई। पुलिस ने किसी भी नौकरी के लिए पहले पैसे जमा नहीं करने और कंपनी की जानकारी सत्यापित करने की सलाह दी।

गांव गांव पहुंची पुलिस टीम
मुंगेली पुलिस ने बीट स्तर की टीमों को अभियान से जोड़ा। पुलिसकर्मियों ने गांवों और सार्वजनिक स्थानों पर जाकर वरिष्ठ नागरिकों, महिलाओं, युवाओं और आम लोगों को साइबर सुरक्षा के जरूरी उपाय बताए।
पुलिस ने अपील की कि ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी होने पर घबराने के बजाय तुरंत 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें। पुलिस के मुताबिक शुरुआती समय में शिकायत मिलने से ठगी की रकम को बैंक खाते में रोकने की संभावना बढ़ जाती है।
एसएसपी भोजराम पटेल ने अभियान में जिले की उपलब्धि पर पुलिस टीम और नागरिकों की सहभागिता की सराहना (Cyber Awareness) की। उन्होंने कहा कि अभियान खत्म होने के बाद भी साइबर सुरक्षा को लेकर सतर्कता लगातार बनाए रखने की जरूरत है।
खबरें और भी हैं…Fake Gold Fraud : नकली सोना गिरवी रखकर 8.25 लाख की ठगी, दुर्ग में अंतरजिला गिरोह के 3 आरोपी गिरफ्तार
रिपोर्टर – मनुराज सिंह



