सीजी भास्कर, 27 सितम्बर। रायपुर के कालीबाड़ी स्थित मातृ-शिशु अस्पताल में मरीजों की देखभाल को लेकर लापरवाही का मामला सामने आया है। अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्था में तैनात एक गार्ड का गर्भवती महिलाओं की ड्रिप और कैनुला से जुड़ी प्रक्रिया में मदद करते हुए वीडियो सामने आया है। वीडियो सामने आने के बाद अस्पताल प्रबंधन ने मामले को गंभीरता से लिया है। (Hospital Guard Patient Drip Case)
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अस्पताल में एक दिन में हुए 12 ऑपरेशन : Hospital Guard Patient Drip Case
जानकारी के अनुसार, यह मामला 25 सितंबर की शाम का है। उस दिन अस्पताल में 12 सीजर ऑपरेशन हुए थे। नर्सिंग स्टाफ मरीजों की देखभाल में व्यस्त था। बताया गया कि दूसरी शिफ्ट में दो स्टाफ नर्स 50 से अधिक मरीजों की देखभाल कर रही थीं।
स्टाफ नर्स वर्षा यादव के मुताबिक, एक मरीज की ड्रिप खत्म हो गई थी और वह बार-बार इसकी जानकारी दे रही थी। उसी समय नर्सिंग स्टाफ एक गंभीर मरीज की देखभाल में व्यस्त था। नर्स ने गार्ड से केवल ड्रिप की कैपिंग में मदद करने को कहा था।
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गार्ड ने कैनुला लगाने से किया इनकार
गार्ड नागेश्वर प्रसाद कश्यप ने बताया कि उन्होंने किसी मरीज को कैनुला नहीं लगाया था। उनके अनुसार, नर्सिंग स्टाफ के कहने पर उन्होंने केवल ड्रिप की कैपिंग की थी, क्योंकि उस समय नर्स मरीजों की देखभाल में व्यस्त थीं।
वीडियो (Hospital Guard Patient Drip Case) में गार्ड को गर्भवती महिलाओं की ड्रिप और कैनुला से जुड़ी प्रक्रिया में मदद करते हुए देखा जा सकता है। इसको लेकर अस्पताल में मरीजों की सुरक्षा और जिम्मेदारियों के पालन पर सवाल उठे हैं।
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डॉक्टर ने कहा- गार्ड से यह काम कराना गलत : Hospital Guard Patient Drip Case
डॉ. भेनुज सिन्हा ने कहा कि मरीज को ड्रिप लगाना, कैनुला लगाना या निकालना स्टाफ नर्स की जिम्मेदारी होती है। सुरक्षा गार्ड से इस तरह का काम कराया जाना गलत है। मामले में संबंधित स्टाफ को नोटिस जारी किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि अस्पताल की इंचार्ज सिस्टर को भी हिदायत दी जाएगी। भविष्य में इस तरह की घटना दोबारा होने पर संबंधित स्टाफ के खिलाफ नौकरी से हटाने जैसी कार्रवाई (Hospital Guard Patient Drip Case) की जा सकती है। अस्पताल में डॉक्टरों की ड्यूटी और रोस्टर की भी जांच की जाएगी।
डॉ. सिन्हा के मुताबिक, ऑपरेशन और पोस्ट-ऑपरेटिव वार्ड में डॉक्टर समय-समय पर राउंड लेते हैं, लेकिन मरीजों से जुड़ी ऐसी प्रक्रियाएं स्टाफ नर्स को ही करनी चाहिए। वीडियो के सामने आने के बाद संबंधित स्टाफ को अंतिम चेतावनी दिए जाने की बात कही गई है।
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